रविवार को वहां पर ममता को करना पड़ा था विरोध का सामना
कोलकाता : पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने हलीशहर के दौरे के दौरान कांचरापाड़ा में पुलिस कस्टडी में मारे गए तृणमूल कार्यकर्ता के परिवार से मुलाकात की।
ममता को देख चोर-चोर के लगे थे नारे
रविवार को, पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को तृणमूल कार्यकर्ता के घर जाते समय विरोध का सामना करना पड़ा था। उनकी कार पर कीचड़ और एक फटी हुई चप्पल फेंकी गई, और “चोर, चोर” के नारे लगाए गए।
मृत तृणमूल कार्यकर्ता के परिवार से मिले सीएम
उस घटना के अगले ही दिन सुभेंदु ने हालीशहर का दौरा किया। उनके साथ नैहाटी से भाजपा विधायक सुमित्रा चटर्जी, नोआपाड़ा से भाजपा विधायक और राज्य के मंत्री अर्जुन सिंह, जगतदल से भाजपा विधायक राजेश कुमार, बीजपुर से भाजपा विधायक सुदीप्त दास और स्वास्थ्य राज्य मंत्री सुमना सरकार थीं। सोमवार सुबह से ही तृणमूल कार्यकर्ता के घर के बाहर सुरक्षा और कड़ी कर दी गई थी।
क्या है मामला
कांचरापाड़ा नगरपालिका की तृणमूल पार्षद, जेनी शर्मा केओट जिन्होंने इस्तीफा दे दिया था, उनके पति बिरजू केओट को हलीशहर पुलिस ने रंगदारी समेत कई आरोपों में गिरफ्तार किया था। उन्हें शुक्रवार को अदालत में पेश किया गया, जहां जज ने उन्हें पांच दिन की पुलिस हिरासत में भेज दिया। शनिवार को कांचरापाड़ा नगरपालिका के वार्ड नंबर 23 की पूर्व पार्षद जेनी शर्मा केओट के पति की पुलिस हिरासत में मौत हो गई है। जेनी का आरोप है कि उनके पति की मौत लॉक-अप के अंदर पुलिस की पिटाई के कारण हुई।
जेनि के परिवार से मिली थीं ममता
ममता ने रविवार को लोकसभा सांसद कल्याण बनर्जी और राज्यसभा सांसद डोला सेन के साथ कंचरापाड़ा में जेनी के परिवार से मुलाक़ात की। विरोध का सामना करते हुए उन्होंने राज्य सरकार पर तीखा हमला बोला और पुलिस मंत्री सुवेंदु अधिकारी को भी निशाने पर लिया।
ममता ने भाजपा पर लगाए थे आरोप
तृणमूल नेता ने कहा, “सुरक्षा की तो बात ही छोड़िए। पुलिस तो गुंडों को बचा रही है। बंगाल गुंडों के हाथों में चला गया है। हम केस दर्ज कराएंगे।” शिकायत भरे लहजे में उन्होंने कहा, “मेरा सिर फट सकता था। हम यहाँ मर भी सकते थे। पुलिस BJP को बचा रही है।”
गड़बड़ी फैलाने गईं थी ममता – भाजपा
BJP ने पलटवार करते हुए आरोप लगाया कि पूर्व मुख्यमंत्री काँचरापाड़ा गड़बड़ी फैलाने गए थीं। आम लोगों ने इसका विरोध किया था। सुवेंदु ने तंज कसते हुए कहा, “उन्होंने इतना कुछ चुराया है कि उन्हें चोर तो कहा ही जाएगा।”




























