आरजी कर श्मशान घाट मामले में गिरफ्तारी के बाद खड़दह थाने के बाहर भारी विरोध, हेलमेट पहनाकर पुलिस ने आरोपी को निकाला
पानीहाटी : आरजी कर अस्पताल की महिला डॉक्टर के शव के जल्दबाजी में अंतिम संस्कार के मामले में गिरफ्तार पानीहाटी नगरपालिका के पूर्व चेयरमैन सोमनाथ डे को शुक्रवार को खड़दह पुलिस स्टेशन लाए जाने के बाद जमकर विरोध प्रदर्शन हुआ। बारिश के बावजूद सैकड़ों लोग थाने के बाहर जमा हो गए और सोमनाथ डे के खिलाफ नारेबाजी की।
स्थिति को देखते हुए पुलिस ने उन्हें सुरक्षा के लिए हेलमेट पहनाकर थाने से बाहर निकालने की कोशिश की। इसी दौरान प्रदर्शनकारियों की ओर से सोमनाथ डे पर अंडे के साथ ईंट-पत्थर भी फेंके गए। कुछ पत्थर पुलिसकर्मियों को भी लगे, जिससे कई पुलिसकर्मी घायल हो गए।
पुलिस ने किसी तरह सोमनाथ डे को भीड़ से बचाते हुए गाड़ी में बैठाया और कड़ी सुरक्षा के बीच बैरकपुर कोर्ट के लिए रवाना किया।
लंबे समय से फरार थे
आरजी कर मामले से जुड़े एक नए केस में पुलिस सोमनाथ डे की तलाश कर रही थी। पुलिस के मुताबिक, वह लंबे समय से फरार थे। गुरुवार को उन्हें कर्नाटक से गिरफ्तार किया गया। शुक्रवार तड़के उन्हें कोलकाता एयरपोर्ट लाया गया, जिसके बाद पुलिस उन्हें खड़दह थाने ले गई।
सोमनाथ डे को शुक्रवार को बैरकपुर कोर्ट में पेश किया गया। पुलिस उनसे आरजी कर मामले से जुड़े सबूत मिटाने और पीड़िता के शव का जल्दबाजी में अंतिम संस्कार किए जाने के आरोपों को लेकर पूछताछ करना चाहती है। इसके लिए पुलिस ने उन्हें हिरासत में लेने की मांग करते हुए अदालत में आवेदन भी दिया है।
पहले दो आरोपी भी हो चुके हैं गिरफ्तार
आरजी कर अस्पताल में महिला डॉक्टर का शव 9 अगस्त 2024 को बरामद हुआ था। बाद में पीड़िता के अंतिम संस्कार में कथित तौर पर जल्दबाजी किए जाने को लेकर खड़दह थाने में एक अलग मामला दर्ज किया गया।
इस मामले में पानीहाटी के पूर्व विधायक निर्मल घोष और पूर्व पार्षद संजीव मुखर्जी को पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका है। दोनों फिलहाल एक अन्य मामले में न्यायिक हिरासत में हैं।
इन दोनों की गिरफ्तारी के समय भी पुलिस को विरोध का सामना करना पड़ा था। प्रदर्शन के दौरान संजीव मुखर्जी को चोट लगी थी और बाद में उनकी आंख की सर्जरी भी करानी पड़ी थी।
सोमनाथ को हेलमेट पहनाकर निकाला गया
शुक्रवार को जैसे ही लोगों को पता चला कि सोमनाथ डे को खड़दह थाने लाया गया है, बड़ी संख्या में लोग थाने के बाहर पहुंच गए। पुलिस ने संभावित हमले की आशंका को देखते हुए सोमनाथ के सिर पर मोटरसाइकिल का हेलमेट पहनाया और उन्हें सुरक्षा घेरे में बाहर निकाला।
लेकिन थाने से बाहर निकलते समय प्रदर्शनकारियों ने अंडे और ईंट-पत्थर फेंकने शुरू कर दिए। अचानक हुई इस घटना से पुलिस स्टेशन के बाहर अफरातफरी मच गई। पुलिस ने स्थिति को नियंत्रित करते हुए सोमनाथ डे को सुरक्षित वाहन में बैठाया और कड़ी सुरक्षा के बीच अदालत के लिए रवाना किया।
पुलिस अब इस पूरे मामले में सोमनाथ डे की कथित भूमिका की जांच कर रही है और यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि पीड़िता के अंतिम संस्कार में जल्दबाजी क्यों की गई और क्या इस दौरान किसी महत्वपूर्ण सबूत को नष्ट किया गया था।





























