भागने के दौरान लगी गोली
नयी सरकार का पहला एनकाउंटर
बारूईपुर : पश्चिम बंगाल के दक्षिण 24 परगना जिले के बारुईपुर में 12 वर्षीय नाबालिग लड़की के कथित दुष्कर्म और हत्या मामले में बड़ा घटनाक्रम सामने आया है। मामले के मुख्य आरोपियों में शामिल प्रभास मंडल की बुधवार (8 जुलाई 2026) तड़के पुलिस मुठभेड़ में मौत हो गई।
पुलिस के अनुसार, प्रभास मंडल को मंगलवार रात अपराध स्थल के पुनर्निर्माण (Crime Scene Reconstruction) के लिए बारुईपुर के सूर्यापुर इलाके में ले जाया गया था। इसी दौरान उसने कथित तौर पर पुलिस हिरासत से भागने की कोशिश की और पुलिस पर हमला किया। पुलिस का दावा है कि आत्मरक्षा में की गई कार्रवाई के दौरान उसे गोली लगी। घायल अवस्था में उसे अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
12 वर्षीय बच्ची का शव तालाब से मिला था
गौरतलब है कि 5 जुलाई को बारुईपुर के एक तालाब से 12 वर्षीय नाबालिग लड़की का क्षत-विक्षत शव बरामद हुआ था। परिजनों ने आरोप लगाया था कि बच्ची के साथ दुष्कर्म के बाद उसकी हत्या की गई।इस घटना के बाद पूरे इलाके में भारी आक्रोश फैल गया था। प्रदर्शन के दौरान भीड़ ने आरोपियों के सहयोगी होने के संदेह में एक 40 वर्षीय व्यक्ति की पीट-पीटकर हत्या कर दी थी।
SIT कर रही है मामले की जांच
मामले की गंभीरता को देखते हुए छह सदस्यीय विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया गया। बारुईपुर जिला पुलिस ने 6 जुलाई को एफआईआर में नामजद चार आरोपियों में से तीन को गिरफ्तार कर लिया था। इनमें मुख्य आरोपी आनंद सरदार भी शामिल था। पुलिस मामले के सभी पहलुओं की जांच कर रही है।
सरकार ने दोषियों को कड़ी सजा दिलाने का दिया भरोसा
राज्य के मुख्यमंत्री ने पीड़िता के परिजनों से मुलाकात कर आश्वासन दिया था कि इस जघन्य अपराध में शामिल सभी दोषियों को कानून के तहत कड़ी से कड़ी सजा दिलाई जाएगी।
(नोट: पुलिस का कहना है कि प्रभास मंडल की मौत पुलिस कार्रवाई के दौरान हुई। मामले से जुड़े सभी तथ्यों की जांच जारी है और आगे की आधिकारिक जानकारी आने पर स्थिति स्पष्ट होगी।)





























