कश्मीर मांगे आज़ादी’ जैसे नारों और ‘केसरिया तबाही’ की बात करने वालों के खिलाफ मुख्यमंत्री ने जताया सख्त रुख
कोलकाता : बंगाल की धरती पर भगवा झंडे के अपमान को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। ‘कश्मीर मांगे आज़ादी’ जैसे नारों और देश-विरोधी गतिविधियों के खिलाफ भी सख्त कार्रवाई का संदेश देते हुए मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने बुधवार को जादवपुर में बड़ा बयान दिया। ‘भगवा सम्मान यात्रा’ के बाद जादवपुर के 8B बस स्टैंड पर आयोजित सभा को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि भगवा झंडे का अपमान करने वालों को जड़ से उखाड़ फेंका जाएगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्होंने जादवपुर में यह संकल्प लिया है कि ‘कश्मीर मांगे आज़ादी’ गैंग, किशनजी को ‘रेड सैल्यूट’ देने वालों और ‘केसरिया तबाही’ की बात करने वालों के खिलाफ कड़ा रुख अपनाया जाएगा। उन्होंने कहा कि जादवपुर ‘सेंटर ऑफ एक्सीलेंस’ और ऋषि अरविंद की धरती है और यहां देश-विरोधी गतिविधियों के लिए कोई जगह नहीं होगी।
2011 के संकल्प का किया जिक्र
अपने भाषण में सुवेंदु अधिकारी ने वाममोर्चा और तृणमूल कांग्रेस सरकारों के खिलाफ अपने राजनीतिक संघर्ष का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा, “आप जानते हैं कि 2011 में मैंने कम्युनिस्टों को सत्ता से हटाने का संकल्प लिया था। मैंने मोदी जी के नेतृत्व में 2026 में ‘जमाती’ सरकार को हटाने का संकल्प लिया था। आपकी मदद से ऐसा हुआ है।”
उन्होंने समर्थकों से साथ बने रहने की अपील करते हुए कहा कि स्वामी विवेकानंद, श्री चैतन्य और प्रणवानंद की इस धरती पर “केसरिया ही केसरिया” होगा।
गोलपार्क से 8B तक निकली भगवा सम्मान यात्रा
इससे पहले मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने खुद गोलपार्क से जादवपुर के 8B बस स्टैंड तक निकली ‘भगवा सम्मान यात्रा’ की अगुवाई की। जुलूस के दौरान शंखनाद और उलु-ध्वनि के बीच जादवपुर का इलाका भगवा रंग में रंगा नजर आया। बड़ी संख्या में साधु-संत और समर्थक हाथों में भगवा झंडे लेकर यात्रा में शामिल हुए।
जुलूस में राज्य के परिवहन मंत्री तापस रॉय भी मुख्यमंत्री के साथ चलते दिखाई दिए। जादवपुर की बीजेपी विधायक सर्बरी मुखर्जी भी कार्यक्रम में मौजूद थीं। पद्मश्री कार्तिक महाराज भी सुवेंदु अधिकारी के साथ जुलूस में शामिल हुए।
जादवपुर पहुंचकर हुआ वंदे मातरम का गायन
भगवा जुलूस के 8B बस स्टैंड पहुंचने के बाद सभी ने मिलकर ‘वंदे मातरम’ का गायन किया। इसके बाद मंच से मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने राष्ट्र-विरोधी गतिविधियों को लेकर कड़ा संदेश दिया। उन्होंने कहा कि बंगाल की धरती पर भगवा झंडे के सम्मान से कोई समझौता नहीं किया जाएगा।






























