मिठाई की दुकान में मिला खराब छेना केक; दुर्गापुर में खाद्य सुरक्षा विभाग की छापेमारी
दुर्गापुर : दुर्गा पूजा खत्म होते ही पश्चिम बंगाल के दुर्गापुर के उखड़ा बाजार में खाद्य सुरक्षा विभाग ने कई दुकानों पर छापेमारी की। इस दौरान फुचका (पानीपुरी) की घुगनी में रंग मिलाने, एक्सपायरी मसाले रखने और मिठाई की दुकान में एक्सपायरी पेय पदार्थ व खराब छेना केक मिलने के मामले सामने आए। अधिकारियों ने कई खाद्य पदार्थों को खाने के अयोग्य चिह्नित किया। इस कार्रवाई के बाद बाजार में बिकने वाले खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और दुकानों में स्वच्छता व्यवस्था पर सवाल उठने लगे हैं।
यह अभियान गुरुवार को अंडाल के उखड़ा बाजार में चलाया गया। खाद्य सुरक्षा विभाग के अधिकारियों के साथ अंडाल के बीडीओ देवांजन दत्ता, दुर्गापुर महकमा के डिप्टी मजिस्ट्रेट विश्वजीत घोष और अंडाल थाने के पुलिसकर्मी भी मौजूद थे।
मिठाई की दुकानों और कारखानों में जांच
अभियान की शुरुआत उखड़ा के बाजपाई मोड़ स्थित दो बड़ी मिठाई की दुकानों से हुई। अधिकारियों ने मिठाइयों और अन्य खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता, दुकानों की साफ-सफाई और खाद्य पदार्थों में प्रतिबंधित रसायनों के इस्तेमाल की आशंका की जांच की।
इसके बाद टीम मिठाई बनाने वाले कारखानों में भी पहुंची। वहां इस्तेमाल होने वाली सामग्री और पेयजल के नमूने जांच के लिए एकत्र किए गए। अधिकारियों ने यह पता लगाने की कोशिश की कि मिठाइयां तैयार करते समय स्वच्छता संबंधी नियमों का पालन किया जा रहा है या नहीं।
फुचका की घुगनी और मसालों पर उठे सवाल
इसके बाद अधिकारियों ने उखड़ा स्कूल मैदान के सामने स्थित एक फुचका की दुकान पर छापा मारा। यहां फुचका में इस्तेमाल होने वाले मसालों और घुगनी की जांच के दौरान खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता को लेकर गंभीर आपत्तियां सामने आईं।
अधिकारियों ने संबंधित खाद्य पदार्थों को खाने के अयोग्य चिह्नित किया। घुगनी में रंग मिलाए जाने और दुकान में एक्सपायरी मसाले रखे होने की बात भी सामने आई। हालांकि, इस्तेमाल किए गए रंग की प्रकृति और उसकी जांच के अंतिम नतीजों की जानकारी अभी स्पष्ट नहीं है।
मिठाई की दुकान में एक्सपायरी पेय पदार्थ और खराब केक
कार्रवाई के दौरान एक अन्य मिठाई की दुकान में एक्सपायरी ठंडे पेय पदार्थ और खराब छेना केक भी मिले। अधिकारियों ने इन खाद्य पदार्थों को खाने के अयोग्य घोषित करते हुए उन्हें नष्ट करने का निर्देश दिया।
खाद्य सुरक्षा विभाग की इस कार्रवाई का उद्देश्य बाजार में बिकने वाले खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता की जांच करना और ग्राहकों के स्वास्थ्य से जुड़े जोखिमों को कम करना था।
त्योहार के बाद भी जारी रहेगी निगरानी
दुर्गापुर महकमा के डिप्टी मजिस्ट्रेट विश्वजीत घोष ने कहा कि त्योहारों के मौसम में बाजार में खाद्य पदार्थों की मांग बढ़ जाती है। ऐसे समय में यह जांचना जरूरी है कि दुकानदार गुणवत्ता और स्वच्छता के नियमों का पालन कर रहे हैं या नहीं।
उन्होंने बताया कि अभियान के जरिए यह सुनिश्चित करने की कोशिश की जा रही है कि ग्राहकों तक पहुंचने वाला भोजन स्वास्थ्य के लिहाज से सुरक्षित हो।
उखड़ा बाजार में हुई इस छापेमारी ने खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और भंडारण व्यवस्था को लेकर चिंता बढ़ा दी है। अब जांच के लिए जुटाए गए नमूनों की रिपोर्ट और विभाग की आगे की कार्रवाई पर नजर रहेगी।































