गायघाटा के बाद धुलियान में भी आरोपी की मौत; पुलिस से रिवॉल्वर छीनकर गोली चलाने का आरोप
कोलकाता : पश्चिम बंगाल में मंगलवार को एक ही दिन दो कथित पुलिस एनकाउंटर में आरोपियों की मौत का मामला सामने आया। उत्तर 24 परगना के गायघाटा में दुष्कर्म और हत्या के आरोपी की मौत के बाद अब मुर्शिदाबाद के धुलियान में भी हत्या के एक आरोपी की पुलिस की जवाबी गोलीबारी में मौत हो गई। पुलिस का आरोप है कि घटना के पुनर्निर्माण के दौरान आरोपी ने एक पुलिसकर्मी का आग्नेयास्त्र छीनकर भागने की कोशिश की और पुलिस पर गोलियां चलाईं।
मृत आरोपी की पहचान सामाउन शेख के रूप में हुई है। वह समशेरगंज के पुरातन डाकबंगला इलाके में सुजीत मंडल की हत्या के मामले में गिरफ्तार किया गया था। पुलिस के मुताबिक, मंगलवार को उसे घटनास्थल पर ले जाया गया था, जहां वारदात का पुनर्निर्माण कराया जा रहा था।
घटनास्थल पर पुनर्निर्माण के दौरान चली गोली
पुलिस सूत्रों के अनुसार, मंगलवार दोपहर करीब 2:45 बजे मुर्शिदाबाद के धुलियान इलाके में घटना का पुनर्निर्माण चल रहा था। जांच दल में इंस्पेक्टर अक्षय पाल और इंस्पेक्टर खालेकुज्जमान समेत अन्य पुलिसकर्मी मौजूद थे।
आरोप है कि इसी दौरान सामाउन शेख की पुलिसकर्मियों के साथ हाथापाई हुई। उसने एक पुलिसकर्मी का आग्नेयास्त्र छीन लिया और वहां से भागने की कोशिश की। पुलिस का दावा है कि आरोपी ने पुलिसकर्मियों की ओर तीन राउंड गोलियां चलाईं। इसके बाद पुलिस ने जवाबी गोलीबारी की, जिसमें सामाउन घायल हो गया।
घायल आरोपी को जंगीपुर अनुमंडल अस्पताल ले जाया गया। हालांकि, अस्पताल में चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
जंगीपुर पुलिस जिले के एक अधिकारी ने बताया कि सुजीत मंडल हत्याकांड की जांच राज्य सीआईडी कर रही थी। मंगलवार को घटना का पुनर्निर्माण कराने के लिए आरोपी को घटनास्थल पर ले जाया गया था। इसी दौरान गोली चलने की घटना हुई। अधिकारी के अनुसार, फिलहाल इस मामले में इससे अधिक जानकारी देना संभव नहीं है।
क्या था सुजीत मंडल हत्याकांड?
समशेरगंज के पुरातन डाकबंगला इलाके के निवासी सुजीत मंडल 28 अगस्त को रहस्यमय परिस्थितियों में लापता हो गए थे। बाद में उनका क्षत-विक्षत शव बरामद किया गया। इस निर्मम हत्या ने इलाके में सनसनी फैला दी थी।
पुलिस ने इस मामले में सामियुल शेख, ताजकिरा बीबी और जॉनी शेख समेत तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया था। मंगलवार को मारे गए सामाउन शेख को भी इसी हत्याकांड में गिरफ्तार किया गया था।
पुलिस की लापरवाही के आरोप में अधिकारियों पर कार्रवाई
सुजीत मंडल हत्याकांड के बाद पुलिस की भूमिका पर भी सवाल उठे थे। आरोप था कि सुजीत की पत्नी सुमना मंडल ने स्थानीय पुलिस चौकी से बार-बार मदद मांगी, लेकिन उन्हें समय पर सहायता नहीं मिली।
इस मामले में मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने पुलिस की कथित चूक को गंभीर बताते हुए कार्रवाई की बात कही थी। इसके बाद धुलियान टीओपी के प्रभारी एएसआई सुमंत कुमार दास और समशेरगंज थाने के सेकेंड ऑफिसर एसआई सैफुल आलम को निलंबित कर दिया गया था।
समशेरगंज थाने के आईसी सुब्रत घोष को लाइन क्लोज किया गया और उनके खिलाफ विभागीय जांच के निर्देश दिए गए। फरक्का के एसडीपीओ शेख शम्सुद्दीन का भी दंडात्मक तबादला किया गया था। वहीं, जंगीपुर के एसपी सुरिंदर सिंह को गृह विभाग की ओर से कारण बताओ नोटिस जारी किए जाने की जानकारी सामने आई थी।
गायघाटा में भी एनकाउंटर, एक ही दिन में दो घटनाएं
मुर्शिदाबाद की घटना से पहले मंगलवार सुबह उत्तर 24 परगना के गायघाटा में भी पुलिस एनकाउंटर में एक आरोपी की मौत हुई थी। वह किशोरी के साथ दुष्कर्म और हत्या के मामले में आरोपी था।
उस मामले में भी पुलिस ने दावा किया था कि घटनास्थल पर वारदात का पुनर्निर्माण कराने के दौरान आरोपी ने पुलिस का आग्नेयास्त्र छीनकर भागने की कोशिश की और पुलिसकर्मियों पर तीन राउंड गोलियां चलाईं। पुलिस की जवाबी गोलीबारी में घायल होने के बाद उसकी मौत हो गई।
दोनों घटनाओं में पुलिस की ओर से हथियार छीनने और गोली चलाने के आरोप लगाए गए हैं। फिलहाल, एक ही दिन में दो आरोपियों की पुलिस गोलीबारी में मौत के बाद पश्चिम बंगाल में इन घटनाओं को लेकर सवाल उठ रहे हैं।






























