पूर्व स्विस मॉडल बीट्रिस क्यूल का नया दावा, व्हाइट हाउस ने नकारा
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प एक बार फिर गंभीर कानूनी और राजनीतिक विवादों के घेरे में हैं। स्विट्जरलैंड की पूर्व मॉडल और पूर्व मिस स्विट्जरलैंड प्रतियोगी बीट्रिस क्यूल (Beatrice Keul) ने ट्रम्प पर लगभग 33 साल पहले (1993 में) न्यूयार्क के मशहूर प्लाजा होटल में रेप करने का नया और गंभीर आरोप लगाया है। यह खुलासा अमेरिकी संसद की हाउस ज्यूडीशरी कमेटी के डेमोक्रेटिक सदस्यों द्वारा जारी एक आधिकारिक रिपोर्ट के माध्यम से सार्वजनिक हुआ है।
क्या है पूरा मामला?
बीट्रिस क्यूल के अनुसार, यह घटना नवंबर 1993 की है। उस समय वह अमेरिका में अपने करियर और पढ़ाई की संभावनाएं तलाश रही थीं। क्यूल का आरोप है कि डोनाल्ड ट्रम्प ने उन्हें अमेरिका में वीज़ा दिलाने और यूनिवर्सिटी में दाखिला दिलाने में मदद करने का झांसा दिया। इसी बहाने ट्रम्प ने उन्हें प्लाजा होटल के एक कमरे में बुलाया, जहां कथित तौर पर उनके साथ रेप किया गया। क्यूल ने बताया कि उस समय वह इतनी डरी हुई थीं कि उन्होंने इस घटना की रिपोर्ट दर्ज नहीं कराई।
बयानों में बदलाव पर उठे सवाल
इस मामले में एक महत्वपूर्ण पहलू यह है कि बीट्रिस क्यूल ने साल 2024 में भी ट्रम्प के खिलाफ खुलकर बात की थी। हालांकि, उस समय उन्होंने ट्रम्प पर ‘यौन शोषण और अवांछित रूप से छूने’ (ग्रेपिंग) का आरोप लगाया था। अब, नई संसदीय रिपोर्ट में उन्होंने अपने आरोपों को और गंभीर करते हुए इसे ‘रेप’ की श्रेणी में रखा है। आरोपों की गंभीरता में आए इस बदलाव को लेकर कानूनी विशेषज्ञ और राजनीतिक विश्लेषक अपनी-अपनी तरह से देख रहे हैं।
व्हाइट हाउस और ट्रम्प प्रशासन का रुख
इन आरोपों के सामने आने के तुरंत बाद व्हाइट हाउस और डोनाल्ड ट्रम्प के सलाहकारों ने तीखी प्रतिक्रिया दी है। प्रशासन ने इन सभी आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए इन्हें पूरी तरह से “बेबुनियाद, झूठा और राजनीतिक रूप से प्रेरित” बताया है। ट्रम्प समर्थकों का कहना है कि डेमोक्रेटिक पार्टी के सदस्यों द्वारा इस पुरानी कहानी को एक नई रिपोर्ट के रूप में पेश करना केवल राष्ट्रपति की छवि को नुकसान पहुंचाने की एक राजनीतिक साजिश है।
राजनीतिक सरगर्मी तेज
संसदीय रिपोर्ट में इस मामले के शामिल होने के बाद वाशिंगटन में राजनीतिक माहौल गरमा गया है। डेमोक्रेटिक नेता इस मामले की गहन जांच और जवाबदेही की मांग कर रहे हैं, जबकि रिपब्लिकन पार्टी इसे आगामी चुनावों और राजनीतिक एजेंडे से जोड़कर देख रही है। 33 साल पुराने इस मामले ने एक बार फिर अमेरिका में राष्ट्रपति की नैतिक और कानूनी जवाबदेही पर बहस छेड़ दी है।






























