कोलकाता : श्रीरामपुर में शनिवार शाम ममता बनर्जी की जनसभा से पहले तृणमूल कांग्रेस को बड़ा झटका लगा है। हुगली जिला परिषद की पूर्व सदस्य टुम्पा मेटे को नौकरी दिलाने के नाम पर कथित धोखाधड़ी के मामले में पुलिस ने गिरफ्तार किया है।
नौकरी दिलाने के नाम पर धोखाधड़ी का आरोप
डानकुनी थाने की पुलिस ने शुक्रवार रात रिसड़ा के बामुनारी इलाके में टुम्पा मेटे के घर पर छापेमारी की और उन्हें गिरफ्तार कर लिया। पुलिस के अनुसार, उनके खिलाफ नौकरी दिलाने के नाम पर धोखाधड़ी की शिकायत दर्ज थी।
टुम्पा मेटे का नाम स्कूल सेवा आयोग (SSC) की 2016 की उस भर्ती सूची में भी था, जिसे भ्रष्टाचार के आरोपों के बाद सुप्रीम कोर्ट ने रद्द कर दिया था। वह स्कूल में गैर-शिक्षण कर्मचारी के रूप में कार्यरत थीं।
हालांकि, गिरफ्तारी के बाद टुम्पा मेटे ने अपने ऊपर लगे आरोपों से इनकार किया। उन्होंने कहा, “सब झूठी बातें हैं।” उन्होंने अपनी गिरफ्तारी को राजनीतिक प्रतिशोध और साजिश का परिणाम बताया।
शनिवार को श्रीरामपुर कोर्ट में होगी पेशी
पुलिस टुम्पा मेटे को शनिवार को श्रीरामपुर अदालत में पेश करेगी। उनके खिलाफ नौकरी से जुड़ी कथित धोखाधड़ी और SSC भर्ती प्रक्रिया से संबंधित आरोपों की जांच की जा रही है।
उन पर आरोप है कि उन्होंने कथित तौर पर खाली उत्तर पुस्तिका जमा करने के बावजूद नौकरी हासिल की थी। हालांकि, इन आरोपों पर अंतिम स्थिति जांच और न्यायिक प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही स्पष्ट होगी।
ममता बनर्जी की सभा से पहले गिरफ्तारी
टुम्पा मेटे की गिरफ्तारी ऐसे समय हुई है, जब शनिवार शाम श्रीरामपुर कोर्ट के मैदान में ममता बनर्जी की जनसभा प्रस्तावित है। पुलिस से अनुमति नहीं मिलने के बाद आयोजकों ने अदालत का रुख किया था।
अदालत ने शाम 4 बजे से 6 बजे तक अधिकतम 1,000 लोगों के साथ सभा आयोजित करने की अनुमति दी है। पिछले दो दिनों से सभा स्थल पर मंच और अन्य व्यवस्थाओं की तैयारियां चल रही हैं।
आंधी-बारिश के बीच चल रही सभा की तैयारी
मंच का निर्माण डेनिस गवर्नर हाउस के सामने किया जा रहा है। हुगली जिला ममता तृणमूल के संयोजक और पूर्व विधायक असीत मजूमदार सभा की तैयारियों की निगरानी कर रहे हैं।
असीत मजूमदार ने कहा कि खराब मौसम के बावजूद सभा की तैयारियां जारी हैं। उन्होंने बताया कि ममता बनर्जी शाम 4 बजे से पहले श्रीरामपुर पहुंच सकती हैं और अदालत के निर्देशों के अनुसार सभा आयोजित की जाएगी।
उन्होंने कहा कि अदालत ने 1,000 लोगों के साथ सभा की अनुमति दी है और पार्टी उसी सीमा के अनुसार व्यवस्था करेगी। हालांकि, ममता बनर्जी को देखने के लिए आम लोगों के पहुंचने की स्थिति को उन्होंने अलग विषय बताया।
बीजेपी पर असीत मजूमदार का हमला
सभा की तैयारियों के बीच असीत मजूमदार ने बीजेपी पर भी निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि बीजेपी ने चुनाव में जीत हासिल करने के लिए अनियमितताओं का सहारा लिया।
असीत मजूमदार ने कहा कि अगर बीजेपी ने ईमानदारी से चुनाव जीता होता तो दूसरी पार्टियों की सभाओं को रोकने की कोशिश नहीं करती। उन्होंने दावा किया कि उनके कार्यकाल में बीजेपी ने भी सभाएं की थीं और पुलिस ने उन्हें नहीं रोका था।
उन्होंने कहा कि शनिवार से ममता बनर्जी का जिला दौरा शुरू हो रहा है और पार्टी कार्यकर्ता उनके निर्देश के अनुसार आगे की रणनीति तय करेंगे।
































