अंजना बसु को महिला मोर्चा की कमान, 7 जिलाध्यक्ष बदले
कोलकाता : पश्चिम बंगाल बीजेपी में संगठनात्मक बदलाव का सिलसिला अब तेज हो गया है। पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन के पश्चिम बंगाल दौरे से पहले राज्य संगठन में कई अहम बदलाव किए गए हैं। महिला मोर्चा और युवा मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष बदले गए हैं, जबकि सात संगठनात्मक जिलों में नए जिलाध्यक्ष नियुक्त किए गए हैं। इसके अलावा ‘एक व्यक्ति, एक पद’ के तहत मंत्री बन चुके नेताओं को प्रदेश संगठन में मिली जिम्मेदारियों से हटाया गया है।
यह फेरबदल ऐसे समय हुआ है जब बीजेपी ने हाल ही में राज्य संगठन की नई कार्यकारिणी और विभिन्न विभागों की जिम्मेदारियां तय की हैं। 24 सितंबर को अमिताभ चक्रवर्ती को फिर से प्रदेश महामंत्री (संगठन) बनाए जाने की घोषणा भी हुई थी।
अंजना बसु को महिला मोर्चा की कमान
बीजेपी ने अंजना बसु को प्रदेश महिला मोर्चा का नया अध्यक्ष बनाया है। उन्होंने फाल्गुनी पात्रा की जगह ली है। अंजना बंगाली टेलीविजन से जुड़ा जाना-पहचाना चेहरा रही हैं और 2021 के विधानसभा चुनाव से पहले बीजेपी में शामिल हुई थीं।
अंजना की नियुक्ति को पार्टी के संगठन में नए चेहरों को जिम्मेदारी देने के क्रम में देखा जा रहा है। इससे पहले पश्चिम बंगाल बीजेपी महिला मोर्चा की कमान रूपा गांगुली, लॉकेट चटर्जी और अग्निमित्रा पाल जैसे चर्चित चेहरों के पास रही है। फाल्गुनी पात्रा को अब प्रदेश बीजेपी में उपाध्यक्ष की जिम्मेदारी दी गई है।
अमित सामंत बने युवा मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष
युवा मोर्चा में भी नेतृत्व परिवर्तन किया गया है। लंबे समय तक युवा मोर्चा के अध्यक्ष रहे इंद्रनील खान के मंत्री बनने के बाद अब उनकी जगह अमित सामंत को जिम्मेदारी दी गई है।
अमित सामंत इससे पहले इंद्रनील खान की कमेटी में महामंत्री थे। 2026 के विधानसभा चुनाव में उन्होंने अमता विधानसभा सीट से बीजेपी के टिकट पर चुनाव लड़ा और विधायक बने। अब उन्हें युवा मोर्चा की प्रदेश कमान सौंपी गई है।
मंत्रियों को संगठनात्मक पदों से हटाया
नई सूची में ‘एक व्यक्ति, एक पद’ के सिद्धांत के तहत उन नेताओं को संगठनात्मक पदों से हटाया गया है जो विधानसभा चुनाव के बाद राज्य सरकार में मंत्री बने हैं।
इनमें जगन्नाथ चटर्जी, अग्निमित्रा पाल, दीपक बर्मन और शंकर घोष समेत अन्य नाम शामिल हैं। इनमें कुछ नेता पहले प्रदेश उपाध्यक्ष या प्रदेश सचिव की जिम्मेदारी संभाल रहे थे।
वहीं शरवरी मुखर्जी को भी प्रदेश सचिव पद से हटा दिया गया है। वह मंत्री नहीं हैं और विधायक हैं। इसलिए उनके मामले में पार्टी के भीतर चर्चा शुरू हो गई है।
सुनील बंसल की टीम को भी मिली जगह
नई संगठनात्मक सूची में बीजेपी के पश्चिम बंगाल प्रभारी सुनील बंसल से जुड़े नेताओं को भी कई जिम्मेदारियां मिली हैं। बंसल ने पहले राज्य में बूथ स्तर पर संगठन को मजबूत करने के लिए ‘बूथ एम्पावरमेंट कैंपेन’ पर जोर दिया था।
प्रबल राहा पहले ही प्रदेश उपाध्यक्ष बनाए जा चुके हैं। वहीं शशि अग्निहोत्री को प्रदेश महामंत्री, सखाराव सरकार को प्रदेश सचिव और अनुपम घोष को मीडिया विभाग की जिम्मेदारी दी गई है। रामपद दास को उपाध्यक्ष तथा नीलांजन अधिकारी और शंकर चक्रवर्ती को प्रदेश सचिव बनाया गया है।
बीजेपी ने 23 सितंबर को राज्य प्रभारियों में भी बदलाव किया था। इसमें सुनील बंसल को पश्चिम बंगाल और तेलंगाना का प्रभारी बनाया गया है।
सात संगठनात्मक जिलों में बदलाव
राज्य बीजेपी ने सात संगठनात्मक जिलों के अध्यक्ष भी बदले हैं। नई नियुक्तियां इस प्रकार हैं—
- बनगांव: नृपेन बिस्वास
- बारासात: दीपांकर चक्रवर्ती
- श्रीरामपुर: शशि सिंह
- आरामबाग: प्रशांत डिगर
- मेदिनीपुर: सौमेन तिवारी
- बर्दवान: आशीष पाल
- कटवा: माणिक रॉय
जिला स्तर पर बदलाव की चर्चा पहले से चल रही थी। अगस्त में भी राज्य बीजेपी में कई जिलाध्यक्षों को बदले जाने की संभावना की रिपोर्ट सामने आई थी।
निकाय चुनाव से पहले संगठन पर फोकस
बंगाल बीजेपी में यह फेरबदल ऐसे समय हुआ है जब राज्य में आगामी निकाय चुनावों को लेकर संगठनात्मक तैयारियां चल रही हैं। सितंबर में बीजेपी ने पूर्ण राज्य कार्यकारिणी की घोषणा भी की थी, जिसमें मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी समेत कई नेताओं को संगठनात्मक जिलों की जिम्मेदारियां दी गई थीं।
नए बदलावों के जरिए पार्टी ने प्रदेश स्तर से लेकर महिला और युवा मोर्चा तथा जिला संगठन तक कई पदों को फिर से व्यवस्थित किया है। आने वाले दिनों में इन बदलावों के बाद जिला स्तर पर संगठन की गतिविधियों और निकाय चुनाव की तैयारियों पर इसका असर देखने को मिलेगा।































