हर साल 1 लाख छात्रों को मिलेगा प्रशिक्षण
कोलकाता : पश्चिम बंगाल सरकार ने राज्य के स्कूलों में डिजिटल कंटेंट क्रिएटर लैब (Digital Content Creator Labs) स्थापित करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। स्कूल शिक्षा निदेशालय (Directorate of School Education) ने 14 जुलाई 2026 को सभी जिलों के जिला विद्यालय निरीक्षकों (DI/S) को इस संबंध में आधिकारिक निर्देश जारी किया है।
सरकार का लक्ष्य अगले 5 वर्षों तक हर वर्ष 1 लाख छात्रों को डिजिटल कंटेंट क्रिएशन का प्रशिक्षण देना है। यह प्रशिक्षण कक्षा 9, 10, 11 और 12 के विद्यार्थियों को दिया जाएगा।
क्या है सरकार की योजना?
सरकार के अनुसार, इस पहल का उद्देश्य छात्रों को आधुनिक डिजिटल दुनिया से जोड़ना और उन्हें रचनात्मक एवं तकनीकी कौशल से लैस करना है। प्रशिक्षण के दौरान छात्रों को निम्न क्षेत्रों की जानकारी दी जाएगी—डिजिटल कंटेंट क्रिएशनडिजिटल साक्षरता (Digital Literacy)स्टोरीटेलिंग और कम्युनिकेशनरचनात्मक कौशल विकासAVGC-XR सेक्टर (Animation, Visual Effects, Gaming, Comics एवं Extended Reality)स्कूलों से मांगी गई जानकारीइस परियोजना को लागू करने से पहले आईटी एवं इलेक्ट्रॉनिक्स विभाग (IT&E Department) ने राज्य के सभी स्कूलों में उपलब्ध आईसीटी (ICT) और कंप्यूटर लैब की आधारभूत संरचना तथा मानव संसाधन (HR) की जानकारी मांगी है।इसके लिए सभी स्कूलों को एक Google Form भरने के निर्देश दिए गए हैं। यह जानकारी 22 जुलाई 2026 तक अनिवार्य रूप से जमा करनी होगी।
सरकार ने बताया प्राथमिकता वाला प्रोजेक्ट
निर्देश में कहा गया है कि यह राज्य सरकार की उच्च प्राथमिकता वाली परियोजना है। इसलिए सभी संबंधित अधिकारियों को समय सीमा के भीतर आवश्यक जानकारी उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं।किसी भी प्रकार की जानकारी या स्पष्टीकरण के लिए आईटी एवं इलेक्ट्रॉनिक्स विभाग तथा वेबेल एनीमेशन अकादमी (Webel Animation Academy) के नोडल अधिकारियों के संपर्क विवरण भी जारी किए गए हैं।
मुख्य बातें
- राज्य के स्कूलों में बनेंगे डिजिटल कंटेंट क्रिएटर लैब।
- कक्षा 9 से 12 तक के छात्रों को मिलेगा प्रशिक्षण।अगले 5 वर्षों तक हर साल 1 लाख विद्यार्थियों को लाभ।
- AVGC-XR सेक्टर से जुड़े आधुनिक डिजिटल कौशल सिखाए जाएंगे।सभी स्कूलों को 22 जुलाई 2026 तक Google Form भरना होगा।






























