कहा- ‘मजदूर ही विकास के असली योद्धा’
1700 शौचालय और 145 पेयजल केंद्र की व्यवस्था
कोलकाता: पश्चिम बंगाल में आगामी श्रावणी मेला 2026 को लेकर तैयारियां अंतिम चरण में पहुंच चुकी हैं। इसी क्रम में राज्य के लोक निर्माण विभाग (PWD) एवं जनस्वास्थ्य अभियंत्रण विभाग (PHED) के कैबिनेट मंत्री डॉ. अजय कुमार पोद्दार ने सोमवार को भारी बारिश के बीच हुगली जिले में श्रावणी मेला की तैयारियों का विस्तृत निरीक्षण किया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि श्रद्धालुओं की सुविधा, सुरक्षा और स्वच्छता से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं होना चाहिए तथा सभी कार्य समयबद्ध और उच्च गुणवत्ता के साथ पूरे किए जाएं।
बैद्यपुर मेला मैदान में बनाए गए पांच अस्थायी शिविर
लोक निर्माण विभाग (PWD) के हुगली डिवीजन द्वारा बैद्यपुर मुख्य मेला मैदान में पांच अस्थायी टेंट तैयार किए गए हैं। इनमें एक इंटीग्रेटेड कंट्रोल रूम, एक मेडिकल कैंप, एक सांस्कृतिक केंद्र तथा पुरुष और महिला श्रद्धालुओं के लिए दो अलग-अलग सेवा शिविर शामिल हैं। इन शिविरों में स्वच्छ पेयजल, शौचालय और अन्य आवश्यक सुविधाओं की व्यवस्था की गई है।
बैद्यबाटी -तारकेश्वर मार्ग पर विशेष इंतजाम
श्रावणी मेला के दौरान लाखों श्रद्धालु बैद्यबाटी से तारकेश्वर तक पदयात्रा करते हैं। इसे ध्यान में रखते हुए मार्ग के विभिन्न स्थानों पर चार अतिरिक्त सेवा शिविर बनाए जा रहे हैं। यहां श्रद्धालुओं के बैठने, आराम करने और रात्रि विश्राम के लिए बिस्तरों की व्यवस्था की गई है।
इसके अलावा पूरे मार्ग पर 12 सेवा केंद्र स्थापित किए गए हैं, जहां चिकित्सा सहायता, हेल्प डेस्क और भंडारे की सुविधा उपलब्ध रहेगी।
दूधपुकुर में लेजर शो और आकर्षक लाइटिंग
श्रद्धालुओं को बेहतर अनुभव देने के लिए दूधपुकुर क्षेत्र में लेजर शो आयोजित किया जाएगा। वहीं बैद्यबाटी -तारकेश्वर मार्ग पर आकर्षक सजावटी रोशनी भी लगाई जा रही है, जिससे पूरा मार्ग भव्य और सुरक्षित दिखाई देगा।
PHED ने किए 1700 अस्थायी शौचालय और 145 पेयजल केंद्र
जनस्वास्थ्य अभियंत्रण विभाग (PHED) द्वारा निमाई तीर्थ घाट से तारकेश्वर मंदिर तक लगभग 42 किलोमीटर लंबे मार्ग पर श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए 1,700 अस्थायी शौचालय और 145 पेयजल केंद्र स्थापित किए गए हैं।
इसके अलावा पांच प्रमुख सेवा शिविरों में पर्याप्त संख्या में शौचालय, स्वच्छ पेयजल, विश्राम स्थल और चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।
भारी बारिश में काम कर रहे मजदूरों की मंत्री ने की सराहना
निरीक्षण के दौरान लगातार हो रही बारिश के बावजूद कार्य में जुटे मजदूरों के समर्पण को देखकर मंत्री डॉ. अजय कुमार पोद्दार ने उनकी खुलकर प्रशंसा की।
उन्होंने कहा,
“ये मजदूर ही वास्तविक विकास के योद्धा हैं। विपरीत परिस्थितियों में भी जनसेवा के लिए लगातार कार्य कर रहे इन श्रमिकों का योगदान अतुलनीय है।”
मंत्री ने मौके पर एक मजदूर को अंगवस्त्र भेंट कर सम्मानित किया तथा सभी श्रमिकों का उत्साहवर्धन किया।
वरिष्ठ अधिकारी भी रहे मौजूद
निरीक्षण के दौरान लोक निर्माण विभाग के मुख्य अभियंता (सोशल सेक्टर) गौतम साहा, मुख्य अभियंता (पश्चिम क्षेत्र) पार्थ नाथ, वरिष्ठ अधीक्षण अभियंता सौगत सरकार, अधीक्षण अभियंता राजा चट्टोपाध्याय, कार्यपालक अभियंता सोमा खानसाहा सहित PWD और PHED के कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
श्रद्धालुओं की सुविधा सर्वोच्च प्राथमिकता
समीक्षा बैठक के दौरान मंत्री ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिया कि श्रावणी मेला में आने वाले लाखों श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुविधा सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए। उन्होंने सभी विभागों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करने तथा स्वच्छता, पेयजल, स्वास्थ्य सेवाओं, सुरक्षा और अन्य आधारभूत सुविधाओं की लगातार निगरानी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।






























