कोलकाता : कैमक स्ट्रीट स्थित कार्यालय से जुड़े विवाद की जांच के सिलसिले में पुलिस एक बार फिर तृणमूल कांग्रेस के राष्ट्रीय महासचिव और डायमंड हार्बर के सांसद अभिषेक बनर्जी से पूछताछ करना चाहती है। इसी मामले में रविवार को कोलकाता पुलिस के अधिकारी समन लेकर कालीघाट स्थित उनके आवास पहुंचे। पुलिस सूत्रों के मुताबिक, अभिषेक को सोमवार को शेक्सपियर सरणी थाने में हाजिर होने के लिए कहा गया था। हालांकि, अभिषेक ने थाने में पेश होने के बजाय ईमेल के जरिए अपना जवाब भेजा और कहा कि उन्हें पूछताछ के लिए बुलाने से पहले 48 घंटे का समय दिया जाना चाहिए।
रविवार को अभिषेक के आवास पहुंची पुलिस
जानकारी के अनुसार, पुलिस अधिकारी रविवार को अभिषेक बनर्जी के कालीघाट स्थित आवास पहुंचे और कुछ देर तक गेट के बाहर इंतजार किया। इसके बाद पुलिस का नोटिस स्वीकार कर लिया गया। इससे पहले बुधवार शाम को भी पुलिस इसी नोटिस के साथ उनके आवास पहुंची थी, लेकिन उस समय नोटिस लेने वाला कोई नहीं मिला था।
अभिषेक के आवास से पुलिस को बताया गया था कि नोटिस में जिनका नाम है, वे शहर से बाहर हैं और उसे स्वीकार करने के लिए कोई उपलब्ध नहीं है। उस समय पुलिस को बिना नोटिस दिए ही लौटना पड़ा था।
दरअसल, अभिषेक बनर्जी मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर विपक्षी गठबंधन ‘इंडिया’ की ओर से दिल्ली में आयोजित विरोध कार्यक्रम में शामिल होने गए थे। शनिवार को उनके कोलकाता लौटने के बाद रविवार को पुलिस दोबारा उनके आवास पहुंची।
क्या है कैमक स्ट्रीट विवाद?
यह पूरा मामला 27 अगस्त को कैमक स्ट्रीट स्थित अभिषेक बनर्जी के कार्यालय से एक बिलबोर्ड हटाने को लेकर हुए विवाद से जुड़ा है। उस दिन पुलिस और कोलकाता नगर निगम के अधिकारियों के साथ तृणमूल कांग्रेस के समर्थकों की कहासुनी हो गई थी। इसके बाद मौके पर धक्का-मुक्की और हाथापाई जैसी स्थिति बनने की खबर सामने आई थी।
आरोप है कि विवाद के दौरान पुलिसकर्मी जबरन संबंधित इमारत की छत पर पहुंचे और वहां लगे बिलबोर्ड को हटा दिया। उस बिलबोर्ड पर तृणमूल कांग्रेस का नाम और पार्टी का चुनाव चिह्न, दो फूल, अंकित था।
पुलिस और संबंधित अधिकारियों की ओर से बिलबोर्ड को कथित तौर पर अवैध तरीके से लगाए जाने तथा सुरक्षा के लिहाज से जोखिमपूर्ण होने का मुद्दा उठाया गया था। इसके बाद अभिषेक बनर्जी के समर्थकों ने उसी स्थान पर पार्टी के नाम और चुनाव चिह्न वाला एक बैनर लगा दिया था।
मामले में दर्ज हैं तीन एफआईआर
इस घटना को लेकर शेक्सपियर सरणी थाने में कुल तीन एफआईआर दर्ज की गई थीं। पुलिस इन सभी मामलों की जांच कर रही है। इनमें से एक एफआईआर के सिलसिले में पुलिस पहले ही अभिषेक बनर्जी से पूछताछ कर चुकी है। उस समय डायमंड हार्बर के सांसद थाने में उपस्थित हुए थे।
अब पुलिस इसी मामले से संबंधित जांच के तहत उनसे दोबारा पूछताछ करना चाहती है। इसी उद्देश्य से उन्हें सोमवार को थाने में उपस्थित होने के लिए नोटिस भेजा गया था।
हालांकि, अभिषेक बनर्जी ने ईमेल के जरिए जवाब देते हुए पूछताछ के लिए बुलाने से पहले 48 घंटे का समय देने की मांग की है। अब पुलिस उनके जवाब पर क्या रुख अपनाती है और पूछताछ के लिए अगली तारीख क्या तय होती है, इस पर नजर रहेगी।






















